घरों में भी सुरक्षित नहीं रही बालिकाएं

जागरणसंवाददाता,महोबा:भलेहीसरकारयुवतियों,बालिकाओंवमहिलाओंकीसुरक्षाकादावाकरेलेकिनहकीकतकुछऔरहीबयांकररहीहै।मुख्यालयकेएकमुहालमें6सालकीबालिकाकेसाथहुईदुष्कर्मकीघटनानेपुलिससुरक्षाव्यवस्थाकीपोलखोलकररखदीहै।मानवताकोशर्मसारकरनेवालीइसघटनानेहकीकतबयांकरदीहैकिपुलिसऔरएंटीरोमियोटीमयहांकितनीसक्रियहै।कहाजासकताहैकिअबघरोंमेंभीबालिकाएंसुरक्षितनहींरहगईहै।

बतायाजाताहैकिपरिजनोंकीसूचनापरडायल100केपुलिसकर्मियोंनेबालिकाकोखोजतोनिकालालेकिनइसेअस्पतालमेंदाखिलकरानेकीबजाएउसेपरिजनोंकेसुपुर्दकियागया।पुलिसकीभीसंवेदनानहींजागी।घटनाकेघंटोंबीतजानेकेबादभीआरोपीकोगिरफ्तारकरनेकीदिशामेंभीपुलिसकेहाथखालीहै।हालांकिएसएचओविक्रमाजीत¨सहनेआरोपियोंकीजल्दगिरफ्तारीकादावाकियाहै।लेकिनइसघटनानेपुलिसकीचाकचौबंदव्यवस्थावसक्रियताकीपोलखोलकररखदीहैऔरमहिलावर्गमेंअसुरक्षाकामाहौलदेखाजारहाहै।