न्यायालय ने हिरासत में यातना को लेकर जनहित याचिका पर की सुनवाई

नयीदिल्ली,13फरवरी(भाषा)उच्चतमन्यायालयनेबुधवारकोएकजनहितयाचिकापरसुनवाईकीजिसमेंन्यायिकहिरासतमेंयातनाऔरअमानवीयव्यवहारपरकानूनबनानेकेलिएकेंद्रकोनिर्देशदेनेकीमांगकीगयीहै।याचिकाकर्ताऔरपूर्वकानूनमंत्रीअश्विनीकुमारनेअदालतमेंकहाकिउन्हेंनहींसुनाजारहा।उनकीइसदलीलपरथोड़ीनाराजगीकेबादन्यायालययाचिकापरसुनवाईकोराजीहोगया।कुमारनेहिरासतमेंयातनादिएजानेकेसंबंधमेंयाचिकादायरकीथी।उन्होंनेअपनीयाचिकामेंकहाहैकिभारतहिरासतमेंयातनाकेखिलाफहुएसंयुक्तराष्ट्रसमझौतेपरहस्ताक्षरकरनेवालेदेशोंमेंशामिलहै।प्रधानन्यायाधीशरंजनगोगोईकीअध्यक्षतावालीपीठनेवरिष्ठवकीलकुमारकीदलीलोंपरगौरकियाऔरकहाकिवहकेवलउन्हेंसुनेगीऔरउन्हेंस्मरणकरायाकिशीर्षन्यायालयको‘‘1.3अरबलोगोंकीशिकायतोंसेनिपटनापड़ताहै।’’कुमारनेकहाकिभारतने1997मेंयातनाकेखिलाफसंयुक्तराष्ट्रकेसंधिपत्रपरदस्तखतकियाथाऔरउसेअबतकअंगीकारनहींकियागयाहै।सुनवाईकरनेवालीपीठमेंन्यायमूर्तिदिनेशमाहेश्वरीऔरन्यायमूर्तिसंजीवखन्नाभीथे।अदालतबृहस्पतिवारकोफिरसेइसपरसुनवाईकरेगी।प्रधानन्यायालयतबथोड़ेनाखुशनजरआएजबकुमारनेकहाकिउन्हेंमहत्वपूर्णमामलेमेंनहींसुनाजारहा।कुमारनेकहाकिपूर्वमें2017मेंमामलेकातबनिपटाराकरदियागयाथाजबअटार्नीजनरलनेआश्वासनदियाथाकिप्रक्रियापूरीकरनेकेबादकेंद्रकानूनबनानेपरविचारकरेगा।