सेवानिवृत्त होने के अंतिम दिन गुरु को देखकर प्यार से भर आई आंखें

जागरणसंवाददाता,सिरसा

शिक्षाविभागमें36सालकीसेवाकेबादजिलाशिक्षाअधिकारीडा.यज्ञदतवर्माशुक्रवारकोरिटायर्डहोगये।सेवानिवृत्तहोनेपरजिलाशिक्षाअधिकारीकार्यालय,जिलामौलिककार्यालयऔरसर्वशिक्षाअभियानकार्यालयकेकर्मचारियोंनेविदाईपार्टीदी।वहींनिजीपैलेसमेंआयोजितविदाईसमारोहमेंजिलेभरकेस्कूलप्रधानाचार्यो,इंचार्जऔरजिलेभरकेगणमान्यव्यक्तियोंनेबधाईदी।

गुरुसेलियाआशीर्वाद

जिलाशिक्षाअधिकारीडा.यज्ञदतवर्माकोसेवानिवृत्तपरआशीर्वाददेनेकेलिएउनकेगुरुशुगन¨सहभीपहुंचे।उनसेडा.यज्ञदत्तनेछठीसेआठवींकक्षातकपढ़ाईकीथी।कार्यक्रममेंअपनेगुरुकोदेखकरजिलाशिक्षाअधिकारीडा.यज्ञदत्तवर्माकेपुरानेदिनयादआगये।अपनेगुरुरहेशुगन¨सहकेपैरछूकरआशीर्वादलेतेसमयआंखेंभरआई।सिरसावफतेहाबादमेंबनाईअलगसेपहचान

जिलाशिक्षाअधिकारीकेपदपरतैनातरहेडा.यज्ञदतवर्मानेअपनीसिरसाऔरफतेहाबादमेंशिक्षाकेक्षेत्रमेंअपनीपहचानबनाई।शिक्षाकेक्षेत्रमेंउन्होंनेअपनेकार्यकालमेंकाफीसुधारकिया।उनकीखासबातयेभीरही।जिसभीस्कूलमेंजाकरअध्यापकसेमिले।इसकेबादउसकोहमेशानामसेजानतेथे।जहांभीमिलतेउसअध्यापककानामलेकरहीपुकारतेथे।

गांवमेंकीपढ़ाई

गांवचकजाजुनिवासीडा.यज्ञदतवर्मानेपांचवींतकपढ़ाईगांवकेराजकीयप्राथमिकस्कूलमेंकी।इसकेबादछठीसेआठवींकक्षातकगोरीवालावबीएससीकीपढ़ाईहिसारकालेजसेकी।एमएऔरपीएचडीडिस्टेंससेपढ़ाईकी।20जुलाई1982कोपतलीडाबरकेराजकीयस्कूलमेंसाइंसअध्यापककार्यभारसंभाला।वर्ष1991मेंलेक्चरारकेपदपरपदोन्नतिमिलनेकेबादसाहुवालाद्वितीयमेंकार्यभारसंभाला।1999मेंरानियांस्कूलप्राचार्यकेपदपरपदोन्नतिमिली।इसकेबादलंबेसमयतकसिरसाकेमॉडलस्कूलमेंकार्यकिया।वर्ष2002मेंचौपटाखंडमेंखंडशिक्षाअधिकारीकेपदपरपदोन्नतिमिली।वर्ष2010मेंउपजिलाशिक्षाबननेकेबादवर्ष2013मेंजिलाशिक्षाअधिकारीकेपदपरकार्यभारसंभाला।मौकामिलातोराजनीतिमेंभीआनेकाविचार

डीइओकेपदसेसेवानिवृत्तहोनेपरडा.यज्ञदतवर्मानेकहाकिहमेशाशिक्षकोंकीजोभीसमस्याहोगी।उसकेलिएकार्यकरतेरहेंगे।क्योंकिइसकेलिएकाफीलंबाअनुभवहोगया।वहींसामाजिककार्यमेंहमेशाभागलेतारहूंगा।अगरराजनीतिमेंकोईमौकामिलेगातोराजनीतिमेंआनेपरविचारकियाजाएगा।